जेल में बंद गिरिबाला सिंह की सुरक्षा में बड़ा फैसला, बगल की बैरक से हटाई गई 37 लाख रुपये के घोटाले की दोषी

Updated on 06-06-2026 12:29 PM

भोपाल। त्विषा शर्मा मौत मामले में जेल में बंद पूर्व जिला जज गिरिबाला सिंह की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जेल प्रशासन ने एक कदम उठाया है। जेल अधिकारियों ने उनके द्वारा ही सजा सुनाई गई शिक्षा घोटाले की एक दोषी को उनकी बैरक के पास से हटाकर दूसरे हिस्से में भेज दिया है। जेल सूत्रों के मुताबिक, जेल प्रशासन ने किसी भी सुरक्षा चूक या प्रशासनिक जटिलता से बचने के लिए एहतियात के तौर पर कोमल पांडे को पूर्व जज की बैरक के पास से हटाया है।

कोमल पांडे पर लगा था 37 लाख की ठगी का आरोप

कोमल पांडे को गिरिबाला सिंह की अध्यक्षता वाली अदालत ने ही एक मामले में दोषी ठहराया था। कोमल का नाम कथित मेडिकल एडमिशन धोखाधड़ी और जालसाजी से जुड़े मामलों में सामने आया था। साल 2013 में दर्ज एक मामले के अनुसार, कोमल पर एक परिवार से निजी मेडिकल कालेज में प्रवेश दिलाने का झांसा देकर 37 लाख रुपये की ठगी करने का आरोप था, जिसमें बाद में उसे दोषी ठहराया गया था।

सुरक्षा चूक से बचने के लिए जेल प्रशासन का एक्शन

गिरिबाला सिंह के पूर्व न्यायिक पद और जेल में ऐसे कैदियों से सामना होने की आशंका को देखते हुए,जो पहले उनकी कोर्ट में पेश हो चुके हों,उन्हें जेल के एक पूरी तरह सुरक्षित और अलग हिस्से में रखा गया है।

एम्स की पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी सीबीआई की जांच

इस मामले में सीबीआई को अब दिल्ली एम्स के चिकित्सा विशेषज्ञों द्वारा किए गए री-पोस्टमार्टम की अंतिम रिपोर्ट का बेसब्री से इंतजार है। सूत्रों के मुताबिक, एम्स की यह रिपोर्ट ही तय करेगी कि यह खुदकुशी या फिर इसके पीछे कोई गहरा आपराधिक षड्यंत्र छिपा है।

मामले की कड़ियों को जोड़ने के लिए केंद्रीय फोरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला के विशेषज्ञों ने पिछले दिनों घटना स्थल का बारीकी से मुआयना किया था। क्राइम सीन री-क्रिएशन के दौरान विशेषज्ञों ने जो वैज्ञानिक माप, तस्वीरें और महत्वपूर्ण तकनीकी इनपुट्स जुटाए थे, उनकी प्रामाणिकता और पुष्टि पूरी तरह से एम्स की पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर निर्भर बताई जा रही है।

चश्मदीदों के बयानों पर ध्यान केंद्रित कर रही CBI

सीबीआई की टीम त्विषा के शरीर पर मिले चोट के निशानों का मिलान डमी टेस्ट से निकले निष्कर्षों के साथ करने की तैयारी में है, ताकि मौत की असल वजह और समय का सटीक आकलन किया जा सके। जांच को मजबूत बनाने के लिए सीबीआइ चश्मदीदों के बयानों पर विशेष ध्यान केंद्रित कर रही है।

घटना के कुछ घंटे पहले त्विषा जिस सैलून में गई थीं, वहां के स्टाफ से लेकर वारदात के तुरंत बाद उन्हें अस्पताल पहुंचाने वाले लोगों और घर के आसपास मौजूद पड़ोसियों के बयान बेहद अहम माने जा रहे हैं। इन कड़ियों को कानूनी रूप से पुख्ता करने के लिए सीबीआइ मुख्य गवाहों के बयान अदालत के समक्ष ध दर्ज कराने की रणनीति बना रही है,ताकि बाद में कोई गवाह अपने बयान से मुकर न सके।



अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 24 October 2026
            ( संजय रायजादा )भोपाल। लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह का सख्त अंदाज अब जमीन पर दिखने लगा है। मंत्री और प्रमुख सचिव सुखबीर सिंह के निर्देश पर 22 अक्टूबर को…
 24 October 2026
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत आज से 3 दिन जबलपुर प्रवास पर रहेंगे। 24 से 26 अक्टूबर तक वे संघ के विभिन्न कार्यक्रमों में शामिल होंगे।इस…
 24 October 2026
इंदौर के पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय में पदस्थ हेड कॉन्स्टेबल ड्राइवर फिरोज खान के खिलाफ लोकायुक्त की जांच में संपत्तियों से जुड़ी नई जानकारियां सामने आई हैं। जांच में देवास की…
 24 October 2026
दिवाली पर रोशनी देखने और खुशियां मनाने की उम्र में ऋतिक, सत्येंद्र और कार्तिक के सामने सवाल है कि क्या वे फिर कभी पहले की तरह देख पाएंगे?पिछले साल दिवाली…
 24 October 2026
भोपाल के केरवा डैम का सर्वे पूरा हो गया है। ग्राउंड ट्रूथिंग करने पहुंची टीम को सरकारी अतिक्रमण भी दिखें। इसकी रिपोर्ट टीम ने नेशनल ग्रीन ट्रूब्नल (एनजीटी) में पेश…
 24 October 2026
मध्य प्रदेश पुलिस के इतिहास में पहली बार कमान किसी महिला अधिकारी के हाथों में आ सकती है। मौजूदा DGP कैलाश मकवाना 30 नवंबर को रिटायर हो रहे हैं।नए पुलिस…
 24 October 2026
सरकार के नए प्लेन पर विरोध भी, खुशी भी मध्य प्रदेश में मोहन सरकार के नए प्लेन को लेकर कांग्रेस विरोध कर रही है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने प्लेन…
 20 October 2026
ग्वालियर में शीतला माता मंदिर के पास हुए सड़क हादसे में मंगलवार सुबह 16वीं मौत हो गई। हादसे में गंभीर रूप से घायल 78 वर्षीय मोतीराम प्रजापति ने इलाज के…
 20 October 2026
जबलपुर में दशहरा घूमने आए 24 वर्षीय आकाश की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि पुलिस उसे थाने ले गई थी, जहां उसके साथ मारपीट…
Advt.