इटारसी से भोपाल भीख मांगने भेजता था पिता, QR Code देकर ट्रेन में छोड़ा... आरोपी निकला डिजिटल भिक्षावृत्ति का मास्टरमाइंड

Updated on 28-07-2026 01:51 PM
भोपाल। भोपाल रेलवे स्टेशन पर मध्यप्रदेश जीआरपी के विशेष अभियान ऑपरेशन हमदर्द के दौरान भिक्षावृत्ति के बदलते स्वरूप का चौंकाने वाला मामला सामने आया। स्टेशन पर भीख मांग रही 13-14 वर्षीय एक किशोरी के पास कुछ छुट्टे पैसों के साथ एक QR कोड भी मिला। पूछताछ में पता चला कि वह केवल हाथ फैलाकर ही नहीं, बल्कि डिजिटल भुगतान के जरिए भी भीख मांग रही थी।

पिता ही भेजता था अलग-अलग रेलवे रूट पर

जीआरपी की पूछताछ में किशोरी ने बताया कि उसके माता-पिता इटारसी में रहते हैं। पिछले करीब एक वर्ष से उसका पिता ही उसे ट्रेन में बैठाकर भोपाल सहित विभिन्न रेलवे रूटों पर भीख मांगने के लिए भेजता था। कभी वह भोपाल आने वाली ट्रेनों में रहती थी तो कभी नागपुर रूट पर जाकर यात्रियों से भीख मांगती थी।

पिता के मोबाइल नंबर से जुड़ा मिला क्यूआर कोड

जीआरपी थाना प्रभारी जहीर खान के अनुसार, किशोरी के पास मिला क्यूआर कोड उसके पिता के मोबाइल नंबर से संचालित हो रहा था। इससे स्पष्ट हुआ कि पारंपरिक तरीके से मिलने वाले छुट्टे पैसों के साथ अब डिजिटल भुगतान के जरिए भी भीख ली जा रही थी। इस मामले ने भिक्षावृत्ति के नए तरीके की ओर भी ध्यान आकर्षित किया है।

सीडब्ल्यूसी की अनुशंसा पर दर्ज हुई एफआईआर

नाबालिग होने के कारण जीआरपी ने बच्ची को बाल कल्याण समिति (सीडब्ल्यूसी) के समक्ष प्रस्तुत किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए समिति ने उसके पिता के खिलाफ कार्रवाई की अनुशंसा की। इसके बाद जीआरपी ने जुवेनाइल जस्टिस एक्ट की धारा-76 के तहत एफआईआर दर्ज कर ली। इस प्रावधान के अनुसार, बच्चे से भिक्षावृत्ति कराने वाले अभिभावक या वैध संरक्षक को अधिकतम पांच वर्ष की कैद और एक लाख रुपये तक जुर्माने का सामना करना पड़ सकता है।

बच्चों के नेटवर्क की भी होगी जांच

पूछताछ के दौरान किशोरी यह नहीं बता सकी कि उसके जैसे और कितने बच्चे रेलवे स्टेशनों पर भीख मांगते हैं। हालांकि, जीआरपी अब इस पहलू की भी जांच कर रही है कि कहीं बच्चों को संगठित तरीके से अलग-अलग रेलवे स्टेशनों पर भेजने वाला कोई नेटवर्क तो सक्रिय नहीं है। इसके लिए अलग-अलग टीमें गठित कर जांच शुरू कर दी गई है।

ऑपरेशन हमदर्द के तहत चल रहा विशेष अभियान

मध्यप्रदेश जीआरपी का ऑपरेशन हमदर्द एक से 31 जुलाई तक संचालित किया जा रहा है। अभियान के तहत रेलवे स्टेशनों पर रहने वाले बेसहारा, निराश्रित, परित्यक्ता महिलाओं, नाबालिग बच्चों और भिक्षावृत्ति करने वालों की पहचान कर उनका डिजिटल डोजियर तैयार किया जा रहा है। साथ ही जरूरतमंद लोगों के पुनर्वास और बिछड़े लोगों को उनके परिजनों से मिलाने की कार्रवाई भी की जा रही है।


अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 24 October 2026
            ( संजय रायजादा )भोपाल। लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह का सख्त अंदाज अब जमीन पर दिखने लगा है। मंत्री और प्रमुख सचिव सुखबीर सिंह के निर्देश पर 22 अक्टूबर को…
 24 October 2026
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत आज से 3 दिन जबलपुर प्रवास पर रहेंगे। 24 से 26 अक्टूबर तक वे संघ के विभिन्न कार्यक्रमों में शामिल होंगे।इस…
 24 October 2026
इंदौर के पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय में पदस्थ हेड कॉन्स्टेबल ड्राइवर फिरोज खान के खिलाफ लोकायुक्त की जांच में संपत्तियों से जुड़ी नई जानकारियां सामने आई हैं। जांच में देवास की…
 24 October 2026
दिवाली पर रोशनी देखने और खुशियां मनाने की उम्र में ऋतिक, सत्येंद्र और कार्तिक के सामने सवाल है कि क्या वे फिर कभी पहले की तरह देख पाएंगे?पिछले साल दिवाली…
 24 October 2026
भोपाल के केरवा डैम का सर्वे पूरा हो गया है। ग्राउंड ट्रूथिंग करने पहुंची टीम को सरकारी अतिक्रमण भी दिखें। इसकी रिपोर्ट टीम ने नेशनल ग्रीन ट्रूब्नल (एनजीटी) में पेश…
 24 October 2026
मध्य प्रदेश पुलिस के इतिहास में पहली बार कमान किसी महिला अधिकारी के हाथों में आ सकती है। मौजूदा DGP कैलाश मकवाना 30 नवंबर को रिटायर हो रहे हैं।नए पुलिस…
 24 October 2026
सरकार के नए प्लेन पर विरोध भी, खुशी भी मध्य प्रदेश में मोहन सरकार के नए प्लेन को लेकर कांग्रेस विरोध कर रही है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने प्लेन…
 20 October 2026
ग्वालियर में शीतला माता मंदिर के पास हुए सड़क हादसे में मंगलवार सुबह 16वीं मौत हो गई। हादसे में गंभीर रूप से घायल 78 वर्षीय मोतीराम प्रजापति ने इलाज के…
 20 October 2026
जबलपुर में दशहरा घूमने आए 24 वर्षीय आकाश की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि पुलिस उसे थाने ले गई थी, जहां उसके साथ मारपीट…
Advt.