
( प्रमिल अग्रवाल )
टिमरनी/हरदा — मध्यप्रदेश शासन के सेवा नियमों एवं प्रशासनिक निर्देशों के अनुसार राजस्व अधिकारियों एवं कर्मचारियों को अपने पदस्थ मुख्यालय पर निवास करना अनिवार्य माना गया है, ताकि आपातकालीन स्थिति एवं आमजन के कार्य समय पर संपादित हो सकें। इसके बावजूद हरदा जिले के टिमरनी क्षेत्र में कई जिम्मेदार अधिकारी कथित रूप से मुख्यालय पर निवास न कर प्रतिदिन अप-डाउन कर रहे हैं।
जानकारी अनुसार टिमरनी एसडीएम Sanjeev Nagu प्रतिदिन हरदा से टिमरनी अप-डाउन करते हैं। वहीं टिमरनी के नायब तहसीलदार एवं रहटगांव के प्रभारी तहसीलदार द्वारा भी नियमित रूप से मुख्यालय से बाहर निवास कर आने-जाने की चर्चा बनी हुई है।
प्रशासनिक जानकारों के अनुसार मध्यप्रदेश सिविल सेवा आचरण नियम एवं राजस्व प्रशासन संबंधी निर्देशों में अधिकारियों को मुख्यालय पर निवास करने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्यालय से बाहर रहने की स्थिति में सक्षम अधिकारी से अनुमति आवश्यक होती है। इसके बावजूद यदि जिम्मेदार अधिकारी लगातार अप-डाउन करते हैं तो यह नियमों के उल्लंघन की श्रेणी में माना जा सकता है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि अधिकारियों के मुख्यालय पर उपलब्ध नहीं रहने से कई बार राजस्व प्रकरण, नामांतरण, सीमांकन एवं अन्य जरूरी कार्य प्रभावित होते हैं। साथ ही लगातार वाहन उपयोग से ईंधन की अनावश्यक खपत एवं अप्रत्यक्ष राजस्व क्षति भी हो रही है।
सबसे बड़ा प्रश्न यह उठ रहा है कि जिले के कलेक्टर Siddharth Jain को पूरे मामले की जानकारी होने के बावजूद अब तक क्या कार्रवाई की गई है? यदि मुख्यालय निवास नियमों का पालन नहीं हो रहा है, तो क्या संबंधित अधिकारियों से स्पष्टीकरण लिया जाएगा या फिर मामला केवल चर्चा तक ही सीमित रहेगा?
अब लोगों की निगाहें जिला प्रशासन पर टिकी हैं कि मुख्यालय निवास संबंधी नियमों का पालन सुनिश्चित कराने हेतु क्या ठोस कदम उठाए जाते हैं।