ईटखेड़ी अवैध उत्खनन मामला: भोपाल कलेक्टर के संकेत के बावजूद खनिज अधिकारी का इंकार, बोले- 'लिखित आदेश मिला तो ही होगी तीसरी जांच'

Updated on 20-07-2026 12:48 PM
भोपाल । जिले के ईटखेड़ी क्षेत्र स्थित राताताल के रोजीवे गांव में अवैध उत्खनन का मामला एक बार फिर सुर्खियों में है। 15 एकड़ भूमि पर स्वीकृत खोदाई की आड़ में बड़े पैमाने पर कोपरा निकालकर बेचने के आरोपों के बीच जिला खनिज विभाग की जांच पर सवाल उठ रहे हैं।कलेक्टर प्रियंक मिश्रा द्वारा तीसरी बार जांच के संकेत दिए जाने के बावजूद जिला खनिज अधिकारी ने लिखित निर्देश नहीं मिलने का हवाला देते हुए नई जांच कराने से इंकार कर दिया है।

600 डंपर कोपरा निकालने का आरोप

राताताल के रोजीवे गांव में 15 एकड़ जमीन पर 40 हजार घनमीटर खुदाई की अनुमति लेकर जमीन मालिक हरिचरण व कोपरा निकालने वाले शैलेंद्र भदौरिया और शेखर पंवार द्वारा करीब 600 डंपर कोपरा बाजार में बेचने का आरोप है। मामले में कलेक्टर प्रियंक मिश्रा की फटकार के बाद जिला खनिज अधिकारी मेहताब सिंह रावत ने खनिज निरीक्षक सुचि माथुर से दो बार जांच कराई, लेकिन दोनों जांच रिपोर्टों पर सवाल उठने के बाद भी तीसरी जांच अब तक नहीं हो सकी है।

डंपरों को नहीं पकड़ा

जानकारी के अनुसार, पहली जांच में केवल अनुमति की शर्तों के उल्लंघन का उल्लेख किया गया और अवैध उत्खनन का स्पष्ट उल्लेख नहीं किया गया। मौके पर मौजूद 12 डंपरों को भी जब्त नहीं किया गया। इसके बाद कलेक्टर की नाराजगी के चलते दूसरी बार जांच कराई गई, जिसमें 40 लाख 40 हजार रुपये की पेनाल्टी प्रस्तावित की गई। हालांकि फाइल कलेक्टर के पास पहुंचने पर उन्होंने पेनॉल्टी राशि कम बताते हुए मामले की दोबारा समीक्षा और तीसरी जांच के संकेत दिए।
बताया जा रहा है कि मामले में करीब डेढ़ करोड़ रुपये मूल्य के कोपरा के अवैध रूप से निकाले जाने की आशंका जताई जा रही है। इस संबंध में एसडीएम ने भी विस्तृत रिपोर्ट तलब की है। दूसरी ओर, जांच प्रतिवेदन को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं और आरोप लग रहे हैं कि जांच में अवैध उत्खनन की वास्तविक स्थिति को पूरी तरह सामने नहीं लाया गया।

एक साल पहले भी हुई थी बड़ी कार्रवाई

राताताल क्षेत्र में अवैध खनन का यह पहला मामला नहीं है। करीब एक वर्ष पहले खनिज विभाग ने इसी क्षेत्र में अवैध उत्खनन करने वालों पर चार करोड़ 76 लाख रुपये का जुर्माना लगाया था। उस कार्रवाई के दौरान एक पोकलेन मशीन और नौ डंपर जब्त किए गए थे। कार्रवाई पुलिस ने की थी, जबकि खनिज विभाग को पहले से गतिविधियों की जानकारी होने के आरोप लगे थे। उस मामले में शेखर पंवार, दशरथ यादव और जीवन सिंह राठौर को आरोपी बनाया गया था।
इसी प्रकार हरिचरण के खेत पर भी नायब तहसीलदार की टीम ने अवैध उत्खनन पकड़ा था। इसके बावजूद खनिज निरीक्षक द्वारा प्रस्तुत दोनों जांच प्रतिवेदनों पर लीपापोती के आरोप लग रहे हैं।


अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 09 September 2026
भोपाल। मध्य प्रदेश की महिलाओं के लिए संचालित लाड़ली बहना योजना की 40वीं किस्त (Ladli Behna Yojana 40th Installment) का इंतजार अब बढ़ गया है। डॉ मोहन यादव सरकार इस…
 09 September 2026
 भोपाल। बिजली कंपनी की लापरवाही के चलते अपना हाथ गंवा चुका सीहोर का एक युवा किसान न्याय की आस में हाथ ठेले पर लेटकर भोपाल संभाग कमिश्नर कार्यालय पहुंचा। पीड़ित…
 09 September 2026
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दुबई दौरे के तीसरे दिन 8 सितंबर को निवेश प्रोत्साहन, औद्योगिक साझेदारी, शहरी विकास, हरित ऊर्जा, लॉजिस्टिक्स, स्वास्थ्य, शिक्षा, प्रौद्योगिकी और सतत विकास से…
 09 September 2026
भोपाल। मिसरोद थाना क्षेत्र की फार्च्यून सोम्या हेरिटेज कॉलोनी में मंगलवार रात करीब नौ बजे तेज रफ्तार एसयूवी चालक ने जमकर उत्पात मचाया। एसयूवी ने एक के बाद एक करीब…
 09 September 2026
सागर। बंडा-शाहगढ़ क्षेत्र में अवैध जहरीली शराब से हुई मौतों के बाद बुधवार को सागर पहुंचे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की बैठक लेकर मामले की…
 08 September 2026
भोपाल, 15 जून से शुरू हुई नोटिस-सीलिंग और पंचनामा की कार्रवाई अब बेअसर होती दिख रही है। नगर निगम के अफसर पंचनामा बनाने के बाद प्रतिष्ठानों की ओर दोबारा देखना तक…
 08 September 2026
भोपाल, प्रदेश भाजपा कार्यसमिति में क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जमवाल की नसीहत का असर दिखने लगा है। रविवार शाम को भाजपा जिलाध्यक्ष रवींद्र यति ने भोपाल जिले की जिला कार्यसमिति की…
 08 September 2026
भोपाल, एलएनसीटी यूनिवर्सिटी, भोपाल में ‘रूमा समिट 2026’ का आयोजन किया गया। एलएनसीटी ऑडिटोरियम में हुए इस सम्मेलन में देशभर से आए विशेषज्ञों ने रूमेटोलॉजी से जुड़ी बीमारियों की पहचान और…
 08 September 2026
भोपाल, सागर में जहरीली शराब से हुई 20 से अधिक मौतों के बाद आबकारी विभाग ने अब अवैध शराब के साथ-साथ इसके निर्माण और परिवहन से जुड़े नेटवर्क पर लगातार निगरानी…
Advt.