MP में अब कैबिनेट तय करेगी बिजली का सौदा, बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स से छिना हक

Updated on 15-05-2026 12:40 PM

भोपाल। बिजली की बढ़ती मांग को देखते हुए आपूर्ति सुनिश्चित करने के उद्देश्य से सरकार ने बिजली के संयंत्र लगवाने के लिए निवेशकों को बिजली खरीदी की गारंटी देने को पावर परचेस एग्रीमेंट (पीपीए) किए। इसमें यह प्रविधान रखा गया कि भले ही सरकार बिजली ले या न ले पर एक निश्चित राशि उत्पादक को देगी ही। यह निर्णय अभी तक पावर मैनेजमेंट कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स कर लिया करते थे, मगर अब ऐसा नहीं होगा।

बिजली खरीदी और आपूर्ति के समझौते अब बिना कैबिनेट की मंजूरी के नहीं होंगे। कंपनी ने इस आशय का प्रस्ताव पारित किया है। अब इसे ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के प्रशासकीय अनुमोदन से अंतिम निर्णय के लिए कैबिनेट की बैठक में रखा जाएगा। प्रदेश में अभी 1,795 छोटे-बड़े और दीर्घकालीन बिजली खरीद समझौते लागू हैं, जिनसे लगभग 26,012 मेगावाट बिजली की आपूर्ति हो रही है। इस वजह से मध्य प्रदेश फिलहाल ऊर्जा सरप्लस राज्य माना जाता है।अब बायोमास, सोलर बैटरी स्टोरेज, पंप हाइड्रो स्टोरेज और न्यूक्लियर एनर्जी से जुड़े प्रस्ताव तेजी से आ रहे हैं। ऐसे में, इन परियोजनाओं पर निर्णय लेने से पहले वित्त विभाग और राज्य शासन का अभिमत लेना जरूरी हो गया है। मध्य प्रदेश पावर मैनेजमेट कंपनी ने पिछले दिनों अपनी बोर्ड बैठक में यह निर्णय लिया कि भविष्य में जो भी नई दीर्घकालीन और मध्यकालीन बिजली खरीद समझौते (पीपीए) और बिजली आपूर्ति समझौते (पीएसए) किए जाएंगे, उन्हें कैबिनेट की मंजूरी के बाद ही लागू किया जा सकेगा।

क्यों उठाया कदम?

सूत्रों का कहना है कि नीति में बदलाव का प्रमुख कारण दीर्घकालीन बिजली खरीद समझौते से जुड़ी वित्तीय प्रतिबद्धताएं हैं जो वर्षों तक सरकार को प्रभावित करती है। वर्तमान में बायोमास, सौर बैटरी भंडारण, पंप हाइड्रो भंडारण, परमाणु ऊर्जा जैसी नई तकनीकों से उत्पादित होने वाली ऊर्जा के अनुबंधों के प्रस्ताव आ रहे हैं, इनके बारे में राज्य शासन और वित्त विभाग का परामर्श की आवश्यकता महसूस हो रही है।

अपर मुख्य सचिव ऊर्जा नीरज मंडलोई ने बताया कि बोर्ड का यह प्रस्ताव विभागीय मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के प्रशासकीय अनुमोदन से मुख्य सचिव के माध्यम से मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव तक जाएगा। उनकी अनुमति मिलने के बाद नीति लागू हो जाएगी।



अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 09 September 2026
भोपाल। मध्य प्रदेश की महिलाओं के लिए संचालित लाड़ली बहना योजना की 40वीं किस्त (Ladli Behna Yojana 40th Installment) का इंतजार अब बढ़ गया है। डॉ मोहन यादव सरकार इस…
 09 September 2026
 भोपाल। बिजली कंपनी की लापरवाही के चलते अपना हाथ गंवा चुका सीहोर का एक युवा किसान न्याय की आस में हाथ ठेले पर लेटकर भोपाल संभाग कमिश्नर कार्यालय पहुंचा। पीड़ित…
 09 September 2026
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दुबई दौरे के तीसरे दिन 8 सितंबर को निवेश प्रोत्साहन, औद्योगिक साझेदारी, शहरी विकास, हरित ऊर्जा, लॉजिस्टिक्स, स्वास्थ्य, शिक्षा, प्रौद्योगिकी और सतत विकास से…
 09 September 2026
भोपाल। मिसरोद थाना क्षेत्र की फार्च्यून सोम्या हेरिटेज कॉलोनी में मंगलवार रात करीब नौ बजे तेज रफ्तार एसयूवी चालक ने जमकर उत्पात मचाया। एसयूवी ने एक के बाद एक करीब…
 09 September 2026
सागर। बंडा-शाहगढ़ क्षेत्र में अवैध जहरीली शराब से हुई मौतों के बाद बुधवार को सागर पहुंचे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की बैठक लेकर मामले की…
 08 September 2026
भोपाल, 15 जून से शुरू हुई नोटिस-सीलिंग और पंचनामा की कार्रवाई अब बेअसर होती दिख रही है। नगर निगम के अफसर पंचनामा बनाने के बाद प्रतिष्ठानों की ओर दोबारा देखना तक…
 08 September 2026
भोपाल, प्रदेश भाजपा कार्यसमिति में क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जमवाल की नसीहत का असर दिखने लगा है। रविवार शाम को भाजपा जिलाध्यक्ष रवींद्र यति ने भोपाल जिले की जिला कार्यसमिति की…
 08 September 2026
भोपाल, एलएनसीटी यूनिवर्सिटी, भोपाल में ‘रूमा समिट 2026’ का आयोजन किया गया। एलएनसीटी ऑडिटोरियम में हुए इस सम्मेलन में देशभर से आए विशेषज्ञों ने रूमेटोलॉजी से जुड़ी बीमारियों की पहचान और…
 08 September 2026
भोपाल, सागर में जहरीली शराब से हुई 20 से अधिक मौतों के बाद आबकारी विभाग ने अब अवैध शराब के साथ-साथ इसके निर्माण और परिवहन से जुड़े नेटवर्क पर लगातार निगरानी…
Advt.